बकरीपालन

किसानों के आर्थिक विकास में पशुधन एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

आदिवासी क्षेत्रों में किसान मिश्रित कृषि प्रणाली यानी फसल और पशुधन का संयोजन बनाए रखते हैं, जहां एक उद्यम का उत्पादन दूसरे उद्यम का इनपुट बन जाता है, जिससे संसाधन दक्षता का एहसास होता है।

बकरीपालन के संभावनाओं को बढ़ावा देने के लिए बेहतर प्रजाति को इस्तमाल में लाया जा रहा है। ब्लैक बंगाल प्रजाति की एक दर्जन बकरियों को एक शेड में पालन किया जा रहा है।

ब्लैक बंगाल प्रजाति उच्च मूल्य की नस्ल है। भविष्य में हम शुरू में ब्लैक बंगाल के लिए एक कृत्रिम गर्भाधान (Arti-ficial insemination, Al) केंद्र खोलने और बाद में किसानों की सहायता के लिए अन्य किस्मों को भी पेश करने की योजना बना रहे हैं।

Goat Farming

We guide you in goat farming using modern and sustainable practices. Goat farming is a low-investment and high-return activity, ideal for small and marginal farmers, providing income through meat, milk, and manure with easy management.

  • Proper shelter & housing management
  • Breed selection & breeding practices
  • Balanced feeding & nutrition planning
  • Health care, vaccination & disease control
  • Manure management & income optimization

ब्लैक बंगाल (बकरी) का लागत लाभ का विश्लेषण

  • एक वर्ष में बकरी पालन की लागत: 5000 (पोषण मिश्रण, बाजार से चारा)
  • 2 साल में कुल खर्च: 10,000
  • एक वर्ष में औसत वजन : 13kg
  • दो वर्ष में: औसत 26 किग्रा
  • बकरी का विक्रय मूल्य (दो वर्ष) : 16,000
  • लाभ/हानि: व्यय - राजस्व (10,000-16,000) लाभ:- 6000